कैराना। दूसरे की पांच बीघा जमीन का सौदा कर नौ लाख रुपये की ठगी करने के मामले में कैराना पुलिस ने एक आरोपी को राजस्थान से गिरफ्तार किया है। आरोप है कि पांच लोगों ने मिलकर जमीन बेचने का झांसा देकर पीड़ित से अग्रिम धनराशि हड़प ली। बैनामा कराने के बजाय आरोपी टालमटोल करते रहे। रकम वापस मांगने पर पीड़ित को धमकी भी दी गई। जांच में जमीन आरोपियों के नाम नहीं होने की बात सामने आई।
जनपद शामली के बाबरी निवासी अभिनव सिंघल पुत्र सतेंद्र कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया था कि मोहम्मद इमरान, फैज मोहम्मद, रंजीत कुमार यादव, रामकिशोर झिंगुरी वर्मा और आशुतोष तिवारी ने कैराना कोतवाली क्षेत्र के गांव मन्ना माजरा में स्थित पांच बीघा जमीन बेचने का सौदा किया था। आरोपियों ने जमीन का बैनामा कराने का भरोसा दिलाकर उनसे नौ लाख रुपये अग्रिम ले लिए। रकम मिलने के बाद आरोपी बैनामा कराने में लगातार टालमटोल करने लगे।
पीड़ित के अनुसार, 14 अप्रैल 2026 को जब उसने आरोपियों से अपनी रकम वापस मांगी तो उसे धमकी दी गई। बाद में जानकारी करने पर पता चला कि सौदा की गई जमीन पर आरोपियों का मालिकाना हक ही नहीं था। धोखाधड़ी का पता चलने पर पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की। तहरीर के आधार पर कैराना कोतवाली में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
शनिवार को एसपी एनपी सिंह के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत कैराना पुलिस ने मामले में नामजद आरोपी रंजीत यादव पुत्र शत्रुघन यादव को राजस्थान के धौलपुर जिले के मनिया थाना क्षेत्र स्थित हेल्थकेयर फैक्ट्री से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मूल रूप से बिहार के सुपौल जिले के गोपालपुर सिरै गांव का निवासी है। वर्तमान में वह धौलपुर स्थित फैक्ट्री के क्वार्टर में रह रहा था।
पुलिस के अनुसार, कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक सुमित शुक्ला के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी कैराना के पर्यवेक्षण में की गई। गिरफ्तारी करने वाली टीम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक अखिल चौधरी, हेड कांस्टेबल अंकुर मलिक और कांस्टेबल शशि मलिक शामिल रहे। पुलिस गिरफ्तार आरोपी के विरुद्ध अग्रिम वैधानिक कार्रवाई कर रही है।






